India · CBSE Learning Outcomes
Class 11 Hindi.
कक्षा 11 हिंदी (आधार) का पाठ्यक्रम विद्यार्थियों में भाषाई कौशल, साहित्यिक समझ और सामाजिक-ऐतिहासिक चेतना का विकास करता है। इसके अंतर्गत गद्य, पद्य, पूरक पाठ्यपुस्तक और जनसंचार माध्यमों का गहन अध्ययन शामिल है।

01आरोह - गद्य भाग
इस इकाई में विभिन्न लेखकों की कहानियों, संस्मरणों और व्यंग्य के माध्यम से समाज, नैतिकता और इतिहास के विविध पहलुओं का अध्ययन किया जाएगा।
प्रेमचंद की यह कहानी कर्तव्यनिष्ठा और ईमानदारी की जीत को दर्शाती है। यह तत्कालीन समाज में व्याप्त भ्रष्टाचार पर भी प्रकाश डालती है।
यह शब्दचित्र एक खानदानी नानबाई के जीवन और कला के प्रति उसके समर्पण को जीवंत करता है।
यह संस्मरण 'पथेर पांचाली' फिल्म के निर्माण के दौरान आई आर्थिक और व्यावहारिक कठिनाइयों का वर्णन करता है।
यह पाठ लॉर्ड कर्जन के शासनकाल और उनकी विदाई पर लिखा गया एक तीखा राजनीतिक व्यंग्य है।

02आरोह - काव्य भाग
इस इकाई में भक्तिकाल से लेकर आधुनिक काल तक की कविताओं का रसास्वादन और उनकी सामाजिक-सांस्कृतिक पृष्ठभूमि का विश्लेषण किया जाएगा।
कबीर के पदों में समाज सुधार और निर्गुण भक्ति का संदेश है, जबकि मीरा के पदों में सगुण कृष्ण भक्ति की गहराई है।
यह कविता भारतीय किसान की दयनीय दशा, शोषण और उसकी पीड़ा का मार्मिक चित्रण करती है।
दुष्यंत कुमार की यह गज़ल राजनीतिक व्यवस्था की विफलता और सामाजिक बदलाव की आवश्यकता पर बल देती है।

03वितान - पूरक पाठ्यपुस्तक
यह इकाई भारतीय कला, संस्कृति, पर्यावरण और हाशिए के समाज के जीवन संघर्षों से विद्यार्थियों को परिचित कराती है।
कुमार गंधर्व द्वारा रचित यह पाठ लता मंगेशकर के गायन की विशेषताओं और भारतीय संगीत में उनके योगदान को रेखांकित करता है।
अनुपम मिश्र का यह लेख राजस्थान में जल संरक्षण की पारंपरिक विधियों और 'कुंई' निर्माण की कला का वर्णन करता है।
यह एक घरेलू कामगार महिला की आत्मकथा है, जो उसके जीवन के कठोर संघर्षों और शिक्षा के प्रति ललक को दर्शाती है।

04अभिव्यक्ति और माध्यम
इस इकाई में जनसंचार के विभिन्न माध्यमों, पत्रकारिता के सिद्धांतों और रचनात्मक लेखन की कला का व्यावहारिक ज्ञान दिया जाएगा।
जनसंचार के विभिन्न रूपों जैसे प्रिंट, रेडियो, टेलीविजन और इंटरनेट के इतिहास और कार्यप्रणाली का अध्ययन।
समाचार लेखन, संपादन के सिद्धांत और पत्रकारिता के विभिन्न प्रकारों (जैसे खोजी पत्रकारिता) की समझ विकसित करना।
डायरी लेखन के महत्व, उसकी विशेषताओं और व्यक्तिगत अनुभवों को शब्दों में ढालने की रचनात्मक प्रक्रिया का परिचय।